भारतीय संविधान की विशेषताएँ

 


भारतीय संविधान की विशेषताएँ 

भारत का संविधान दुनिया के सबसे विस्तृत और मजबूत संविधानों में से एक माना जाता है। यह देश को चलाने का मुख्य आधार है और नागरिकों के अधिकारों व कर्तव्यों को निर्धारित करता है। भारतीय संविधान 26 जनवरी 1950 को लागू हुआ और उसी दिन से भारत एक लोकतांत्रिक गणराज्य बन गया।

भारतीय संविधान में सरकार की कार्यप्रणाली, नागरिकों के अधिकार, न्याय व्यवस्था, चुनाव प्रक्रिया और प्रशासनिक संरचना को विस्तार से समझाया गया है। यही कारण है कि भारतीय संविधान को देश का सर्वोच्च कानून कहा जाता है।


भारतीय संविधान क्या है?

भारतीय संविधान वह लिखित दस्तावेज है जो भारत के शासन को संचालित करने के नियम और सिद्धांत तय करता है। यह बताता है कि देश में सरकार कैसे बनेगी, नागरिकों के अधिकार क्या होंगे और सरकार की शक्तियाँ क्या होंगी।

संविधान भारत में लोकतंत्र की नींव है और यह सुनिश्चित करता है कि देश में कानून के अनुसार शासन चले।


भारतीय संविधान की मुख्य विशेषताएँ

1. लिखित और विस्तृत संविधान

भारत का संविधान पूरी तरह से लिखित है और यह दुनिया का सबसे बड़ा लिखित संविधान माना जाता है।

विशेष बातें

  • इसमें शासन से जुड़े सभी नियम लिखित रूप में मौजूद हैं।

  • इसमें 22 भाग, 12 अनुसूचियाँ और 400 से अधिक अनुच्छेद हैं।

  • संविधान समय के अनुसार संशोधित भी किया जा सकता है।

 जरुरी जानकारी

  • संविधान निर्माण में लगभग 2 वर्ष 11 महीने 18 दिन लगे।

  • इसमें कई देशों के संविधानों से अच्छे तत्व लिए गए।

  • संविधान सभा ने इसे तैयार किया।


2. लोकतांत्रिक व्यवस्था

भारत एक लोकतांत्रिक देश है जहाँ जनता अपनी सरकार चुनती है।

विशेष बातें

  • नागरिक वोट देकर सरकार बनाते हैं।

  • हर व्यक्ति को मतदान का अधिकार है।

  • जनता सरकार को बदल भी सकती है।

  जरुरी जानकारी

  • भारत में सार्वभौमिक वयस्क मताधिकार लागू है।

  • 18 वर्ष की आयु पूरी होने पर मतदान का अधिकार मिलता है।

  • चुनाव आयोग चुनाव प्रक्रिया को नियंत्रित करता है।


3. संघीय व्यवस्था

भारत में केंद्र और राज्य सरकार दोनों मिलकर शासन चलाते हैं।

विशेष बातें

  • केंद्र सरकार पूरे देश के लिए कानून बनाती है।

  • राज्य सरकार अपने राज्य के लिए कानून बनाती है।

  • शक्तियों का स्पष्ट विभाजन किया गया है।

 जरुरी जानकारी

  • संविधान में तीन सूचियाँ दी गई हैं – संघ सूची, राज्य सूची और समवर्ती सूची।

  • समवर्ती सूची में केंद्र और राज्य दोनों कानून बना सकते हैं।

  • राष्ट्रीय संकट में केंद्र सरकार अधिक शक्तिशाली हो जाती है।


4. संसदीय शासन प्रणाली

भारत में संसदीय शासन प्रणाली लागू है जिसमें प्रधानमंत्री और मंत्रिपरिषद सरकार चलाते हैं।

विशेष बातें

  • राष्ट्रपति देश का संवैधानिक प्रमुख होता है।

  • प्रधानमंत्री वास्तविक कार्यकारी प्रमुख होता है।

  • मंत्रिपरिषद संसद के प्रति उत्तरदायी होती है।

 जरुरी जानकारी

  • संसद दो सदनों से मिलकर बनी है।

  • लोकसभा जनता द्वारा चुनी जाती है।

  • राज्यसभा राज्यों का प्रतिनिधित्व करती है।


5. मौलिक अधिकार

संविधान नागरिकों को कई महत्वपूर्ण अधिकार प्रदान करता है।

प्रमुख मौलिक अधिकार

  • समानता का अधिकार

  • स्वतंत्रता का अधिकार

  • धार्मिक स्वतंत्रता का अधिकार

  • संवैधानिक उपचार का अधिकार

  • शिक्षा और संस्कृति का अधिकार

 जरुरी जानकारी

  • मौलिक अधिकार नागरिकों की स्वतंत्रता की रक्षा करते हैं।

  • कोई भी नागरिक अदालत में अपने अधिकारों की रक्षा कर सकता है।

  • ये अधिकार लोकतंत्र की आत्मा माने जाते हैं।


6. राज्य के नीति निर्देशक तत्व

ये सरकार को सामाजिक और आर्थिक न्याय स्थापित करने के दिशा-निर्देश देते हैं।

विशेष बातें

  • सरकार को जनता के कल्याण के लिए नीतियाँ बनाने का मार्गदर्शन मिलता है।

  • गरीबी हटाने और समानता लाने पर जोर दिया गया है।

 जरुरी जानकारी

  • ये अदालत द्वारा लागू नहीं कराए जा सकते।

  • ये सरकार के लिए नैतिक मार्गदर्शक होते हैं।

  • सामाजिक न्याय को बढ़ावा देते हैं।


7. मौलिक कर्तव्य

संविधान नागरिकों को कुछ कर्तव्य भी सौंपता है।

प्रमुख कर्तव्य

  • संविधान का सम्मान करना

  • राष्ट्रीय ध्वज और राष्ट्रगान का सम्मान करना

  • पर्यावरण की रक्षा करना

  • देश की एकता बनाए रखना

 जरुरी जानकारी

  • मौलिक कर्तव्य 1976 में जोड़े गए।

  • नागरिकों में जिम्मेदारी की भावना पैदा करते हैं।

  • समाज को मजबूत बनाते हैं।


8. स्वतंत्र न्यायपालिका

भारत में न्यायपालिका पूरी तरह स्वतंत्र है।

विशेष बातें

  • न्यायालय सरकार से स्वतंत्र होते हैं।

  • सर्वोच्च न्यायालय संविधान की रक्षा करता है।

  • नागरिकों के अधिकारों की सुरक्षा करता है।

 जरुरी जानकारी

  • सर्वोच्च न्यायालय सबसे बड़ा न्यायालय है।

  • न्यायपालिका कानून की सही व्याख्या करती है।

  • संविधान की सर्वोच्चता बनाए रखती है।


9. धर्मनिरपेक्ष राज्य

भारत एक धर्मनिरपेक्ष देश है जहाँ सभी धर्मों को समान सम्मान दिया जाता है।

विशेष बातें

  • सरकार किसी धर्म को बढ़ावा नहीं देती।

  • हर नागरिक को अपनी पसंद का धर्म अपनाने की स्वतंत्रता है।

 जरुरी जानकारी

  • धार्मिक स्वतंत्रता मौलिक अधिकार का हिस्सा है।

  • सभी धर्मों के लोग समान अधिकार रखते हैं।

  • देश में धार्मिक सहिष्णुता को बढ़ावा मिलता है।


10. संविधान की सर्वोच्चता

भारत में संविधान सबसे बड़ा कानून है।

विशेष बातें

  • सरकार और नागरिक दोनों संविधान के अधीन हैं।

  • कोई भी कानून संविधान के खिलाफ नहीं बनाया जा सकता।

 जरुरी जानकारी

  • अदालत संविधान के खिलाफ बने कानून को रद्द कर सकती है।

  • संविधान देश की शासन व्यवस्था का आधार है।

  • यह लोकतंत्र की सुरक्षा करता है।


भारतीय संविधान का महत्व

भारतीय संविधान देश में लोकतंत्र को मजबूत बनाता है और नागरिकों को अधिकार व सुरक्षा प्रदान करता है। यह सामाजिक समानता, न्याय और स्वतंत्रता को सुनिश्चित करता है।


अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

भारतीय संविधान कब लागू हुआ?

भारतीय संविधान 26 जनवरी 1950 को लागू हुआ।


भारतीय संविधान क्यों महत्वपूर्ण है?

यह देश की शासन व्यवस्था, नागरिक अधिकार और कानून व्यवस्था को नियंत्रित करता है।


भारतीय संविधान दुनिया का सबसे बड़ा संविधान क्यों माना जाता है?

क्योंकि इसमें शासन से जुड़े सभी विषयों को विस्तार से शामिल किया गया है।


भारतीय संविधान किसने बनाया?

संविधान सभा ने इसे तैयार किया।


भारतीय संविधान में कितने मौलिक अधिकार हैं?

भारतीय संविधान में 6 मौलिक अधिकार दिए गए हैं।


निष्कर्ष

भारतीय संविधान देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था की मजबूत नींव है। यह नागरिकों को अधिकार प्रदान करता है और सरकार की शक्तियों को सीमित करता है। भारतीय संविधान देश की एकता, समानता और न्याय को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।


 

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